विश्वकप के बाद BCCI ने कोहली को दिया एक और झटका, छीन लिया सबसे बड़ा अधिकार
विश्व कप 2019 के खिताब को जीतने में नाकामयाब रही टीम इंडिया में अब बदलाव की तैयारी शुरू हो गई है। बीसीसीआई ने टीम इंडिया के लिए फिर से नए कोच की खोज शुरू कर दी है। मुख्य कोच के साथ-साथ बल्लेबाजी कोच, गेंदबाजी कोच, फील्डिंग कोच, फिजियोथेरेपिस्ट, स्ट्रेंथ एंड कंडीशनिंग कोच और प्रशासकीय मैनेजर के पद के लिए आवेदन मंगाए गए हैं।
Third party image reference
BCCI ने टीम इंडिया के अगले कोच के चयन का जिम्मा कपिल देव की अगुआई वाली तदर्थ समिति को सौंपा है। इस फैसले से सुप्रीम कोर्ट से नियुक्त पैनल में मतभेद हो सकते हैं। तदर्थ समिति में पूर्व भारतीय कप्तान कपिल देव, अंशुमन गायकवाड़ और शांता रंगास्वामी हैं। उन्होंने इससे पहले दिसंबर में डब्ल्यूवी रमन को भारतीय महिला टीम का कोच नियुक्त किया था।
Third party image reference
इधर BCCI साफ़ कह दिया है कि टीम इंडिया के कप्तान विराट कोहली इस बार टीम इंडिया के हेड कोच को चुनने को लेकर अपनी राय तक नहीं दे पाएंगे। इसका खुलासा बीसीसीआइ के एक अधिकारी ने कर दिया है। पिछली बार जब अनिल कुंबले ने टीम इंडिया हेड कोच के पद से इस्तीफा दिया था तो विराट कोहली ने नए कोच को तय करने में दखल दिया था। लेकिन अब BCCI कोहली से यह अधिकार ले लिया है।
Third party image reference
रवि शास्त्री का टीम इंडिया के साथ कार्यकाल विश्व कप 2019 तक ही था, लेकिन बोर्ड ने उनके इसे बढ़ाकर वेस्टइंडीज दौरे तक कर दिया है। जबकि सहयोगी स्टाफ का कार्यकाल भारतीय टीम के साथ बढ़ा दिया गया है। 3 अगस्त से 3 सितंबर तक होने वाले वेस्टइंडीज दौरे के लिए इन सभी का कार्यकाल वर्ल्ड कप के बाद 45 दिन तक बीसीसीआई ने बढ़ाया है।


